शनि साढ़े साती चेक करें | Free Sade Sati Calculator & Remedies
अपनी साढ़े साती चेक करेंसाढ़े साती (Sade Sati) शनि ग्रह का 7.5 वर्ष का पारगमन काल है। यह तब होता है जब शनि आपकी चंद्र राशि से 12वीं राशि में प्रवेश करता है और 2री राशि से बाहर निकलता है। यह जीवन की सबसे कठिन और परिवर्तनकारी अवधियों में से एक मानी जाती है।
Sade Sati (Saturn's 7.5-year transit) is a period when Saturn transits through the 12th, 1st, and 2nd houses from your Moon Sign. It's considered a challenging but transformative phase that tests patience, resilience, and character. While often feared, Sade Sati brings important life lessons, maturity, and spiritual growth.
हर व्यक्ति अपने जीवनकाल में 2-3 बार साढ़े साती से गुजरता है। पहली साढ़े साती (25-30 वर्ष की आयु) सबसे कठिन होती है। GrahaGuru पर मुफ्त में अपनी साढ़े साती चेक करें।
स्थिति: शनि चंद्र राशि से 12वें भाव में
प्रभाव: यह चरण धीरे-धीरे शुरू होता है। खर्च में वृद्धि, विदेश यात्रा की संभावना, नींद में कमी, एकांत की इच्छा, गुप्त शत्रुओं का डर। यह तैयारी का चरण है।
स्थिति: शनि सीधे चंद्र राशि में
प्रभाव: यह सबसे कठिन चरण है। मानसिक तनाव चरम पर, स्वास्थ्य समस्याएं, करियर में बाधाएं, परिवार में झगड़े, प्रतिष्ठा को खतरा। यह परीक्षा का समय है।
स्थिति: शनि चंद्र राशि से 2री राशि में
प्रभाव: धीरे-धीरे राहत मिलना शुरू। परिवार में तनाव, वाणी में कठोरता, धन संबंधी चिंता। लेकिन समस्याएं कम होने लगती हैं। आशा और सुधार का समय।
| राशि | साढ़े साती शुरू | साढ़े साती समाप्त | स्थिति |
|---|---|---|---|
| मकर (Capricorn) | जन 2020 | जन 2023 | समाप्त |
| कुंभ (Aquarius) | जन 2023 | मार्च 2025 | चल रही |
| मीन (Pisces) | मार्च 2025 | फर 2028 | आने वाली |
| मेष (Aries) | फर 2028 | मई 2030 | भविष्य |
| वृषभ (Taurus) | मई 2030 | जुल 2032 | भविष्य |
ॐ शं शनैश्चराय नमः - इस मंत्र का 108 बार प्रतिदिन जाप करें। शनिवार को विशेष रूप से।
प्रतिदिन हनुमान चालीसा का पाठ करें। हनुमान जी शनि से रक्षा करते हैं। शनिवार को अवश्य पढ़ें।
शनि चालीसा, दशरथ कृत शनि स्तोत्र का नियमित पाठ लाभकारी है।
5-7 रत्ती का नीलम चांदी की अंगूठी में जड़वाकर मध्यमा उंगली में शनिवार को पहनें। चेतावनी: नीलम पहनने से पहले अनुभवी ज्योतिषी से अवश्य परामर्श लें। गलत कुंडली में नीलम अत्यधिक हानिकारक हो सकता है। पहले 3 दिन परीक्षण करें।
करियर में चुनौतियां, स्वास्थ्य पर ध्यान दें। साहस और धैर्य बनाए रखें। संपत्ति विवाद से बचें।
वित्तीय दबाव, पारिवारिक तनाव। फालतू खर्च पर रोक। बचत करें, निवेश सोच-समझकर।
मानसिक तनाव, संचार में समस्या। वाणी संयम आवश्यक। व्यापार में सावधानी बरतें।
भावनात्मक उथल-पुथल, मां के स्वास्थ्य की चिंता। घर में शांति बनाए रखें। संपत्ति मामले टालें।
साढ़े साती शनि ग्रह का 7.5 साल का पारगमन काल है जब शनि आपकी चंद्र राशि से 12वीं, चंद्र राशि और 2री राशि में गोचर करता है। यह जीवन में कठिनाइयों, परीक्षाओं और सबक का समय होता है।
1. ढैय्या (Rising): चंद्र राशि से 12वीं राशि में - 2.5 साल, 2. साढ़े साती पीक (Peak): चंद्र राशि में - 2.5 साल (सबसे कठिन), 3. ढैय्या (Setting): चंद्र राशि से 2री राशि में - 2.5 साल।
नहीं। साढ़े साती चुनौतीपूर्ण है लेकिन यह आपको जीवन के महत्वपूर्ण सबक सिखाती है, चरित्र मजबूत करती है और आध्यात्मिक विकास लाती है। सही दृष्टिकोण और उपायों से इसका सकारात्मक उपयोग किया जा सकता है।
हर व्यक्ति अपने जीवनकाल (लगभग 80-90 वर्ष) में 2-3 बार साढ़े साती से गुजरता है क्योंकि शनि का एक चक्र पूरा करने में लगभग 30 वर्ष लगते हैं।