Bharani
योनि
13°20' - 26°40' मेष
रजस
मनुष्य गण
भरणी नक्षत्र परिवर्तन और पुनर्जन्म का प्रतीक है। इस नक्षत्र के जातक जीवन के गहरे अर्थ को समझते हैं।
अश्विनी
कृत्तिका
रोहिणी
मृगशिरा
आर्द्रा
पुनर्वसु
पुष्य
आश्लेषा
मघा